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नूर की बरसात हुई हर सू उजाला छा गया
नूर की बरसात हुई हर सू उजाला छा गया
आप की आमद हुई आलम निराला हो गया
सरकार की आमद मरहबा
दिलदार की आमद मरहबा
हुज़ूर की आमद मरहबा
पुर नूर की आमद मरहबा
आका की आमद मरहबा
सुब मिल कर बोलो मरहबा
दीवानावर झूमो सब्ज़ पर्चम आज लहराओ
आये हैं शफि-ए-मह्शर नहीं तुम आज घबराओ
नूर की बरसात हुई हर सू उजाला छा गया
आप की आमद हुई आलम निराला हो गया
सरकार की आमद मरहबा
दिलदार की आमद मरहबा
हुज़ूर की आमद मरहबा
पुर नूरकी आमद मरहबा
आका की आमद मरहबा
सुब मिल कर बोलो मरहबा
मुबरक अमीना को हो मुबरक हो हलीमा को
क्या धंग बदला कुल आलम का अहमद आया है
नूर की बरसात हुई हर सू उजाला छा गया
आप की आमद हुई आलम निराला हो गया
सरकार की आमद मरहबा
दिलदार की आमद मरहबा
हुज़ूर की आमद मरहबा
पुर नूर की आमद मरहबा
आका की आमद मरहबा
सुब मिल कर बोलो मरहबा
कितना हुआ येह आज हम पे इह्सन-ए-अज़ीम
आमद हुई सरकार की है आ गये करीम
नूर की बरसात हुई हर सू उजाला छा गया
आप की आमद हुई आलम निराला हो गया
सरकार की आमद मरहबा
दिलदार की आमद मरहबा
हुज़ूर की आमद मरहबा
पुर नूर की आमद मरहबा
आका की आमद मरहबा
सुब मिल कर बोलो मरहबा
वोह आ गये है जो है माबायेल एहतियाज
मह्शर मै है जिन से अपनी माबायेल इम्तियाज़
नूर की बरसात हुई हर सू उजाला छा गया
आप की आमद हुई आलम निराला हो गया
सरकार की आमद मरहबा
दिलदार की आमद मरहबा
हुज़ूर की आमद मरहबा
पुर नूर की आमद मरहबा
आका की आमद मरहबा
सुब मिल कर बोलो मरहबा
फरहान अब क्यों घबराये मह्शर की आग से
होगी नसीब खुल्द भी उन की शिफाअत से
नूर की बरसात हुई हर सू उजाला छा गया
आप की आमद हुई आलम निराला हो गया
सरकार की आमद मरहबा
दिलदार की आमद मरहबा
हुज़ूर की आमद मरहबा
पुर नूर की आमद मरहबा
आका की आमद मरहबा
सब मिल कर बोलो मरहबा
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